राष्‍ट्रपति ने शिक्षा के स्‍तर में सुधार की आवश्‍यकता पर बल दिया

0
10
राष्‍ट्रपति श्री प्रणब मुखर्जी ने शिक्षा के स्‍तर में सुधार की आवश्‍यकता पर बल देते हुए आज कहा कि अपने सपनों का भारत बनाने के लिए सुधार की अत्‍यंत आवश्‍यकता है। वे आज राष्‍ट्रीय शिक्षक पुरस्‍कार 2011 प्रदान करने के अवसर पर शिक्षकों को संबोधित कर रहे थे। राष्‍ट्रीय शिक्षक पुरस्‍कार 2011 देशभर के 310 शिक्षकों को प्रदान किए गए। पहली बार वर्ष 2010 और 2011 के लिए स्‍कूली अध्‍यापकों को 20 राष्‍ट्रीय आईसीटी पुरस्‍कार प्रदान किए गए। 
राष्‍ट्रपति ने कहा कि अब शैक्षणिक गतिविधियां और सीखने की प्रक्रियाएं कक्षा आधारित पाठ्यक्रमों पर निर्भर नहीं रहीं। उन्‍होंने कहा कि आज के दौर में वैज्ञानिक रूझान महत्‍वपूर्ण है, ताकि नई प्रौद्योगिकियों को अपनाने में आसानी हो सके। उन्‍होंने अध्‍यापकों से आग्रह किया कि वे सांस्‍थ‍ानिक क्षमता बढ़ाने का प्रयास करें। 
इस अवसर पर मानव संसाधन विकास मंत्री श्री कपिल सिब्‍बल ने कहा कि आज अध्‍यापक की भूमिका बदल रही है और इसके साथ ही माता-पिता, छात्रों और समाज की अपे‍क्षाएं भी बदल रही हैं। उन्‍होंने कहा कि इस बदलाव को देखते हुए हम शिक्षा प्रणाली को इसके अनुरूप ढालने के लिए 12वीं योजना में राष्‍ट्रीय शिक्षक एवं शिक्षण मिशन शुरू करने का प्रस्‍ताव करते हैं।
समारोह में मानव संसाधन विकास राज्‍य मंत्री श्री ई. अहमद और मानव संसाधन विकास मंत्रालय की सचिव श्रीमती अंशु वैश और श्री अशोक ठाकुर भी उपस्थित थे।

LEAVE A REPLY