अण्डों का व्यवसाय करके, स्व-रोजगार से जुड़ेंगी महिलाएं

0
28

कलेक्टर ने ग्राम-बीतनपुर एवं माड़ागौर में लगाई चौपाल

डिंडोरी | जिले में अण्डा उत्पादन को बढावा दिया जायेगा और इस उत्पादन से ग्रामीण महिलाओं को जोड़कर आर्थिक रूप से सम्पन्न बनाया जायेगा। इस व्यवसाय को ग्रामीण महिलाएं अपने-अपने घरों में आसानी से कर सकती हैं। गांव में अण्डा उत्पादन से स्व-सहायता समूहों की महिलाओं को स्वरोजगार मिलेगा और वे आर्थिक रूप से सम्पन्न होगी। कलेक्टर श्री अमित तोमर आज जनपद पंचायत समनापुर के ग्राम-बीतनपुर और माड़ागौर में चौपाल आयोजित कर ग्रामीण महिलाओं से अण्डा उत्पादन व्यवसाय के संबंध में चर्चा की। चौपाल कार्यक्रम में उप-संचालक पशु चिकित्सा सेवाएं श्री वाजपेयी, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी श्री आर.के. मेहरा, जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी श्री मनोज लारोकर, ग्रामीण आजीविका मिशन समनापुर (बाएफ) परियोजना अधिकारी देवी सिंह रघुवंशी, स्टेनो कलेक्टर श्री धनेंद्र बिसेन सहित जिला स्तरीय एवं जनपद स्तरीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।

अण्डा उत्पादन से होगी आमदानी

आयोजित चौपाल कार्यक्रम में बताया गया कि अण्डा उत्पादन के लिए इच्छुक हितग्राहियों का चयन किया जायेगा। इसके बाद चयनित हितग्राहियों को मुर्गियां उपलब्ध कराई जाएंगी। साथ ही अण्डा उत्पादन के लिए सैड एवं जाली भी उपलब्ध कराई जावेगी। इस संबंध में हितग्राहियों को अण्डा उत्पादन करने के लिए जानकारी भी दी जावेगी। चौपाल कार्यक्रम में बताया गया कि एक मुर्गी साल भर में कम से कम 300 नग अण्डे देने की क्षमता रखती है। अण्डा उत्पादन व्यवसाय को अपना कर हितग्राही अच्छी-खासी आमदानी कमा सकते हैं। चौपाल कार्यक्रम में बताया गया कि अण्डा उत्पादन का व्यवसाय करने वाली महिलाओं को बाजार की उपलब्धता भी सुनिश्चित की जायेगी, जिससे महिलाएं इस व्यवसाय में मुनाफा कमा सकें।

मजदूरों ने मांगा 1 लाख 28 हजार का भुगतान

आयोजित चौपाल कार्यक्रम में ग्रामीणों ने कलेक्टर को बताया कि ग्राम-बीतनपुर एवं माडागौर में बिजली नहीं रहती है। ग्रामीणों का कहना था कि उन्हें 24 घण्टे में मात्र 4-5 घण्टा ही बिजली मिलती है। कॉल सेंटर में शिकायत करने पर भी कोई कार्यवाही नही होती है। कलेक्टर ने कार्यपालन यंत्री एमपीईबी को उक्त समस्या का निराकरण करने को कहा है। ग्रामीणों ने कलेक्टर को बताया कि मुकद्दम टोला में एक सार्वजनिक कूप का निर्माण किया गया है, लेकिन उक्त निर्माण कार्य गुणवत्ताहीन है। इसी प्रकार से श्रीमति प्रेमवती बाई ने भी फसल हानि का मुआवजा देने की मांग की। ग्रामीणों ने लंबित मजदूरी का भुगतान करवाने की मांग की। मजदूरों ने बताया कि ग्राम पंचायत में एक लाख 28 हजार का भुगतान होना शेष है। गांव के वृद्ध श्री नंसादास ने बताया कि उसका नाम बीपीएल सूची में है लेकिन उसके घर में बिजली का कनेक्षन नहीं दिया गया है। इसी प्रकार से श्री दौला सिंह, श्रीमति जगतिया बाई, श्री अघनू सिंह ने कलेक्टर से वृद्धा पेंशन की मांग की। कलेक्टर ने ग्रामीणों को भरोसा दिया कि सभी समस्याओं का निराकरण कर ग्रामीणों को शासन की योजनाओं से लाभान्वित किया जावेगा। कलेक्टर ने ग्राम-माडागौर के स्कूल एवं आंगनबाडी केन्द्र में नास्ता एवं भोजन नियमित रूप से वितरित करने को कहा।

ग्राम माड़ागौर में स्कूल एवं आंगनबाड़ी जर्जर

कलेक्टर ने इसके बाद ग्राम-माड़ागौर में जाकर चौपाल कार्यक्रम का आयोजन कर ग्रामीणों से चर्चा की। ग्रामीणो ने बताया कि गांव में स्कूल एवं आंगनबाडी भवन जर्जर है। निरीक्षण के दौरान आंगनबाड़ी केन्द्र गांव के एक निजी मकान में संचालित होना पाया गया। कलेक्टर ने स्कूल एवं आंगनबाडी भवन की मरम्मत करवाने के निर्देश दिए हैं। इसके बाद ग्रामीणों ने कलेक्टर से मौसमी बीमारियों की रोकथाम करवाने एवं शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने की मांग की है। कलेक्टर ने गांव के सभी कुओं एवं हेण्डपंपो में कीटनाषक दवाईयां

डालने के निर्देश दिए, जिससे लोगों को शुद्ध पेयजल मिल सके। इस दौरान कलेक्टर ने हीरालाल नागवंशी के बाड़ी में जाकर आम एवं जाम के पौधों की रौपाई का भी निरीक्षण किया। ग्राम-माड़ागौर की महिलाओं ने कलेक्टर को बताया कि उन्हें विगत महीनों से राशन नहीं मिल रहा है, ग्रामीणों ने राशन दिलाने की मांग की। इसी प्रकार से आंगनबाडी एवं स्कूल में मध्यान्ह भोजन, एवं नास्ता वितरण करने वाली स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने कलेक्टर से मानदेय दिलाने की मांग की। कलेक्टर ने गांव की उक्त सभी समस्याओं का निराकरण करने को कहा है। कलेक्टर ने ग्रामीण आजीविका मिशन (बाएफ) के द्वारा भोलाराम को प्रदाय की गई सिरोही नस्ल के बकरा को भी देखा। कलेक्टर ने इसके बाद जनपद पंचायत समनापुर का भी निरीक्षण किया और अनुपस्थित कर्मचारी श्री अभिषेक सोनकर, ए.एस. परस्ते, एस.के. नामदेव के विरूद्ध कार्यवाही करने के निर्देश दिए।

LEAVE A REPLY