नकली दस्तावेजों के आधार पर बैंक को धोखा देने वाला अपराधी गिरफ्तार

प्रयागराज: प्रयागराज होलागढ़ थाना क्षेत्र के अंतर्गत नकली दस्तावेजों के आधार पर बैंक को भी धोखा देने में बाज नहीं आ रहे हैं । अपराधी कानून का खौफ नहीं रह गया है। कैसे-कैसे जुर्म को किस किस तरीके अंजाम देते हैं। ऐसी ही एक घटना बैंक ऑफ बड़ौदा की दहियावां शाखा में  फर्जी कागजातों के जरिए केसीसी लोन घोटाले के एक अन्य आरोपी राजेश शर्मा को आर्थिक अपराध शाखा की टीम ने गिरफ्तार कर लिया। और उसे जेल भेज दिया गया है।राजेश शर्मा निवासी गांव चांटी को गिरफ्तार करने के लिए आर्थिक अपराध शाखा की टीम होलागढ़ पहुंची थी। स्थानीय पुलिस की मदद से छापेमारी कर उसे पकड़ लिया गया। उसने फर्जी कागजात के जरिए 50 हजार रुपये का लोन लिया था।बैंक ऑफ बड़ौदा की दहियावां शाखा के मैनेजर मेड़ीलाल ने 22 जुलाई 2007 को 84 व्यक्तियों द्वारा जमीन के फर्जी खसरा खतौनी के जरिए किसान क्रेडिट कार्ड से ऋण लेने का मुकदमा होलागढ़ थाने में दर्ज कराया था। बैंक से ऋण वसूली शुरू किए जाने पर ये आवेदक नहीं मिले। जांच में खसरा खतौनी भी फर्जी पाए गए। करीब 82 लाख रुपये के इस घोटाले में तत्कालीन बैंक मैनेजर और फील्ड अफसर को भी आरोपित बनाया गया था। बाद में शासन ने इस मामले की जांच आर्थिक अपराध शाखा को सौंप दिया था।बैंक ऑफ बड़ौदा की दहियावां शाखा के तत्कालीन बैंक मैनेजर का निधन हो चुका है। बाकी आरोपियों के खिलाफ कोर्ट से गैर जमानती वारंट और सीपीआरपीसी की धारा 82 के तहत कुर्की की उदघोषणा जारी हो चुकी है।आर्थिक अपराध शाखा के महानिदेशक राजेंद्र पाल सिंह ने बताया कि इस मामले में 13 आरोपियों को पहले गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि एक अन्य आरोपी राजेश शर्मा को गिरफ्तार किया गया है। उसने फर्जी कागजात के जरिए 50 हजार रुपये का लोन लिया था।( रिपोर्ट गयासुद्दीन सोरांव)