कानपुर : अस्पतालों में भीड़ रोकने के लिए प्रशासन ने की टेली मेडिसिन की शुरूआत, वाट्सएप कॉलिंग के जरिए मरीजों को देख रही डाक्टरों की टीम

कानपुर. उत्तर प्रदेश में 21 दिनों के लॉकडाउन का आज पाचवां दिन है। जिला प्रशासन ने छोटी छोटी दिक्कतों को लेकर अस्पतालों का रुख करने वाले लोगों को घरों में ही रोकने के लिए एक नई शुरूआत की है। प्रशासन की ओर सेस्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को दूर करने के लिए टेलीमेडिसिन का एक कंट्रोलरूम बनाया है।

यहां परआईएमए डॉक्टरों के एक टीम बैठ रही है। शहरवासी वाट्सएप कॉलिंग कर के घर बैठे बिमारी का परामर्श ले सकते है । इसके बाद कम्प्यूटर ऑपरेटर द्वारा दवा का पर्चा वाट्सएप पर भेज दिया जाएगा। इसके साथ ही यह भी अपील की गई है कि लॉकडाउन का पालन और अपने घरों पर रहें। खुद को और अपने परिवार को कोविड 19 से सुरक्षित रखें।

लॉकडाउन के बीच शहरवासियों को स्वास्थ्य संबधी समस्याओं को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने टेली मिडिसिन की शुरूआत की है। इसके लिए जिला प्रशासन की तरफ से एक वाट्सएप नंबर भी जारी किया गया है। डाक्टरों की टीम सुबह 11 ग्यार बजे से शाम 5 बजे तक बैठेगी। शुक्रवार को 65 लोगों ने मोबाईल पर अपनी समस्या को बताकर चिकित्सीय परामर्श लिया। जिसमें अधिकतर पेसेंट खांसी, जुखाम, बुखार और गलें में संक्रमण के थे।

नगर आयुक्त अक्षय त्रिपाठी के मुताबिक यदि किसी शहरवासी को किसी प्रकार की स्वास्थ्य संबधी समस्या है तो तत्काल टेली मेडिसिन के नंबर पर वाट्सएप कालिंग करें। घर बैठे डॉक्टरी सलाह ले और उस अमल करें। इसके साथ ही शहर के प्रत्तेक वार्डवार एक मेडिकल स्टोरों की सूची तैयार की गई है। जिसके अधार पर संबधित दवाओं का वितरण के लिए फोन पर मेडिकल स्टोर को बताकर घर भेजने की व्यवस्था की गई है।

खाद्य सामग्री कंट्रोल रूम
जिलाप्रशान ने कानपुर विकास प्राधिकरण में खाद्य सामग्री वितरण कंट्रोल रूम बनाया है। नगर आयुत ने समाजसेवी संस्थाओं , पार्षदों , औद्योगिक संगठनों , व्यापारिक संगठनों से अपील की है कही भी भोजन बाटनें की बजाए कंट्रोल रूम में दे दें। सभी सेल्टर होम में कंट्रोल रूम से ही भोजन जाता है। इसके साथ ही यदि किसी जरूरत का फोन आता है तो भी यही से भोजन भेजा जाता है। यदि कोई बेसहारा पुलिस को फोन कर के खाना की मांग करता है तो उसे भी उसे भी खाद्य वितरण कंट्रोल से ही भेजा जाता है।

लॉकडाउन में नगर निगम के सभी सामुदायिक शौचालायों को निशुल्क कर दिया गया है। सामुदायिक शौचालय पूर्व की भांति खुले रहेंगें। शनिवार से किसी जनता से शुल्क नहीं लिया जाएगा। शौचालय संचालक को आदेश दिए गए है कि शौचालय का संचालन और साफ सफाई और रखरखाव पहले जैसा ही होना चाहिए। इसमें आने खर्च की भरपाई नगर निगम करेगा। सभी सामुदायिक शौचालयों पर निशुल्क के पोस्टर चस्पा कराए जाए।

सोशल डिस्टेंसिग को ध्यान में रखते हुए 27 शेल्टर होम तैयार
जिला प्रशासन ने सोशल डिस्टेंसिग को ध्यान में रखते हुए 27 शेल्टर होम तैयार किए है। इस शेल्टर होम में खाने पीने की पर्याप्त व्यवस्था की गई है। इस शेल्टर होम की क्षमता 729 लोगों की है।