बड़ा हादसा : तेलंगाना में पनबिजली संयंत्र में आग लगने से 9 लोगों के शव बरामद, राष्ट्रपति प्रधानमंत्री ने जताया शोक

हैदराबाद: तेलंगाना स्टेट पावर जनरेशन कॉर्पोरेशन लिमिटेड ने बताया कि श्रीसैलम पनबिजली संयंत्र में आग लगने से अंदर फंसे नौ लोगों की दुर्घटना में जान चली गई है. सभी के शव बरामद कर लिए गए हैं. मारे गए लोगों में अधिकतर सहायक इंजीनियर हैं.

गुरुवार रात 10.30 बजे जब आग लगी तो 19 लोग शिफ्ट पर थे, इसमें से 10 लोग बचने में सफल रहे थे जबकि एक डिवीजन इंजीनियर, चार असिस्‍टेंट इंजीनियर, दो जूनियर प्‍लांट अटेंडेंट और दो अन्‍य लोग अंदर फंस गए थे. इन लोगों को बाहर निकालने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया लेकिन किसी को बचाया नहीं जा सका.

इस घटना पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शोक व्यक्त किया है. राष्ट्रपति ने ट्वीट कर लिखा, “तेलंगाना में श्रीसैलम पनबिजली संयंत्र में हुए भीषण अग्नि हादसे में जानमाल के नुकसान से परेशान हूं. दु: ख की इस घड़ी में, मेरे विचार शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं. मैं घायलों के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना करता हूं.”

उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू ने भी शोक जताया है. उन्होंने ट्वीट कर लिखा, “तेलंगाना के श्रीसैलम हाइड्रोइलेक्ट्रिक प्लांट में आग लगने की घटना में हुए जानमाल के नुकसान से परेशान हूं. मेरी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं.”

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया है. पीएम मोदी ने हादसे पर शोक जताते हुए लिखा, “श्रीसैलम जलविद्युत संयंत्र में आग लगना बेहद दुर्भाग्यशाली घटना है. मेरे विचार शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं. मैं आशा करता हूं कि घायल लोग जल्द से जल्द ठीक हो जाएंगे.”

तेलंगाना स्टेट पॉवर जेनरेशन कॉरपोरेशन (जेनको) के मुख्य अभियंता बी सुरेश के मुताबिक जब हादसा हुआ उस वक्त संयंत्र में कम से कम 25 लोग थे, जिनमें से 15-16 बाहर आने में कामयाब रहे. एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि छह लोगों को सांस लेने में दिक्कत के बाद स्थानीय अस्पतालों में भर्ती कराया गया. कृष्णा नदी पर बना श्रीसैलम लेफ्ट बैंक पॉवर स्टेशन हैदराबाद से करीब दो सौ किलोमीटर दूर है और तेलंगाना स्टेट पॉवर जेनरेशन कॉरपोरेशन (जेनको) इसे संचालित करता है.

संयंत्र में छह इकाइयां हैं जिनकी कुल क्षमता 900 मेगावॉट बिजली उत्पादन की है और पिछले कुछ दिन से बारिश होने से यहां बिजली उत्पादन जोरों से हो रहा था. अधिकारियों ने बताया कि आग पर काबू पा लिया गया है लेकिन पॉवर हाउस के भूमिगत क्षेत्र में धुआं भरा है जिससे बचाव कार्यों में मुश्किलें आ रही हैं. उन्होंने बताया कि नीचे फंसे नौ लोगों में से दो लोग उस कंपनी से हैं जो बैटरी के रखरखाव का काम संभालती है.