गेहूं की हेराफेरी के मामले में नागरिक आपूर्ति निगम के जिला प्रबंधक व कनिष्ठ सहायक सस्पेंड ,ठेकेदार गिरफ्तार
जबलपुर। सिविल
सप्लाई के गेहूं की हेराफेरी के मामले में नागरिक आपूर्ति निगम के जिला प्रबंधक
जीएम नेमा व कनिष्ठ सहायक जेपी मिश्रा को सस्पेंड कर दिया गया है। दोनों
अधिकारियों की भूमिका शुरू से संदिग्ध मानी जा रही थी। मामले में परिवहन ठेकेदार
रोहित अग्रवाल को गिरफ्तार कर लिया गया है। इस बड़ी कार्रवाई से हड़कंप है। मामले
की जांच एसआईटी से कराई जा रही है। पांच सदस्यीय टीम हर स्तर पर जांच कर रही है।
खंगाल रहे
रिकार्ड
जांच दल
शहपुरा क्षेत्र की राशन दुकानों का रिकार्ड खंगाल रहा है। सूत्र बताते हैं अब तक
की जांच में सिविल सप्लाई के अनाज की हेराफेरी से संबंधित कई अहम सुराग हाथ लगे
हैं। जिनके आधार पर ठेकेदार राजेन्द्र अग्रवाल की नर्मदा इंटरप्राइजेज,
रामेश्वरम् ट्रांसपोर्ट को ब्लैक लिस्टेड करने की तैयारी
है।
खुलेंगे कई
राज
इस पूरे मामले
में परिवहन ठेकेदार रोहित अग्रवाल की गिरफ्तारी को अहम माना जा रहा है। जानकारों
का मानना है कि रोहित से पूछताछ होने पर सिविल सप्लाई सिस्टम में लंबे समय से चल
रहे घालमेल के कई राज खुल सकते हैं।
अब तक की जांच
में पाया गया है कि जिला प्रबंधक जीएम नेमा व कनिष्ठ सहायक जेपी मिश्रा की
पर्यवेक्षण में कमी व सतर्कता न बरती जाने के कारण घटना हुई। दोनों अधिकारियों को
निलंबित कर दिया गया है, जांच जारी है।
इला तिवारी,
आरएम, नागरिक आपूर्ति निगम

मामले की
एसआईटी से जांच कराई जा रही है, जो भी कर्मचारी या ठेकेदार दोषी पाएजाएंगे उनके विरुद्ध
सख्त कार्रवाई की जाएगी।महेशचंद्र
चौधरी,
कलेक्टर