नर्सेस और प्रबंधन के बीच खिचीं तलवारें- काम पर लौटो नहीं तो होगी कार्रवाई नर्सेस बोलीं हम सब दे देंगे इस्तीफा
नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल कॉलेज अस्पताल में एक बाबू को हटाने की मांग पर अड़ी नर्सों के कारण मचा बवाल थमता दिखाई नहीं दे रहा है। इस मामले में अब नर्सेस और प्रबंधन के बीच तलवारें खिंच गई है। मेडिकल प्रशासन के अधिकारियों ने नर्सेस के काम पर न लौटने की स्थिति में प्रोव्हीजन पर कार्यरत नर्सेस पर कार्रवाई का फरमान जारी कर दिया है। वहीं दूसरी तरफ नर्सेस एसोसिएशन की जिला अध्यक्ष हर्षा सोलंकी ने कहा है कि यदि इन प्रोव्हीजन नर्सेस पर कोई भी कार्रवाई होती है, तो मेडिकल की 397 नर्सेस शासन को इस्तीफा सौंप देंगी। वहीं इन सब के बीच अव्यवस्थाओं और परेशानी से जूझ रहे मरीजों का कहना है कि अस्पताल को कर्मचारियों और नर्सेस ने अखाड़ा बना लिया है। हड़ताल करने वालों को मरीजों की तकलीफ से कोई सरोकार नहीं है।
बताया जाता है कि इस मामले को लेकर मेडिकल कॉलेज अस्पताल प्रबंधन के अधिकारियों और नर्सेस एसोसिऐशन और बाबूओं के बीच करीब 3 घंटे तक बैठक चली। बैठक के बीच जहां नर्सेस-बाबुओं के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला। अंत में नर्सेस ने काम पर लौटने की हामी भरी, लेकिन पदाधिकारियों के बीच बनी सहमति के बाद फिर वे मांग पूरी होने तक हड़ताल की बात कहने लगी।