कलेक्टर के निर्देश पर एस.डी.एम. ने किया पेयजल स्त्रोत का अधिग्रहण
सतना |
उचेहरा विकासखण्ड के परसमनिया पठार के पहाडी अंचल के ग्राम
झिरिया में उत्पन्न पेयजल संकट जिला प्रशासन की संवेदनशीलता के कारण अब दूर हो गया
है। कलेक्टर नरेश पाल को इस आशय की सूचना प्राप्त हुई थी कि उचेहरा के परसमनिया
पठार के गॉव में अन्य ग्रामो के साथ भी झिरिया में भी पेयजल परिवहन किया जा रहा
था। किन्तु स्त्रोत में पानी की उपलब्धता कम होने के कारण कुछ समय से ग्राम झिरिया
में पेयजल परिवहन बंद कर दिया गया था। कलेक्टर ने एस.डी.एम. उचेहरा एम.पी.बरार तथा
सहायक यंत्री पी.एच.ई. को भेजकर झिरिया ग्राम में पेयजल की सुचारू व्यवस्था के
संबंध में निर्देश दिये थे।

    कलेक्टर के निर्देश पर बुधवार को अनुविभागीय
अधिकारी एम.पी.बरार ने तहसीलदार एल.के.मिश्रा, सहायक यंत्री पी.एच.ई. मैहर और उपयंत्री उचेहरा श्री चंदेल
के साथ परसमनिया पहाड के झिरिया ग्राम का भ्रमण किया और पेयजल संकट के समाधान हेतु
संभावनाए तलाश की। एस.डी.एम. के मार्गदर्शन में गई टीम के निरीक्षण के दौरान
बरातीलाल यादव द्वारा अपने निजी ट्रेक्टर से पेयजल परिवहन की सहमति जाहिर की।
पेयजल के लिये सुचारू स्त्रोत की संभावनाओ के तहत सुरेश यादव के ग्राम भुरूहरा
स्थित नलकूप में पर्याप्त जल पाये जाने की स्थिति में उक्त नलकूप का अधिग्रहण कर
जल स्त्रोत से पेयजल हेतु पानी वितरण का कार्य प्रारंभ करा दिया है। एस.डी.एम.
उचेहरा ने इसके पूर्व झिरिया पिपरा महाराजपुर डांडी गुढा बिचवा कुल्हरिया खुर्द
कोटराही कला देवगुना कारीमाटी कलावल सखौहाखुर्द और परसमनिया आदि का भ्रमण किया था।
उस दौरान ग्राम झिरिया में पेयजल का परिवहन किया जा रहा था किन्तू स्त्रोत में
पानी की उपलब्धता कम होने के कारण पेयजल परिवहन बंद कर दिया गया था जिसे बुधवार से
पुनः चालू करा दिया गया है।