भारत में 30 लाख के पार पहुंचे कोरोना के आंकड़े, स्वस्थ होने की दर 74.69 प्रतिशत, मृत्यु दर घटकर 1.87 प्रतिशत

कोरोना को लेकर भारत के लिए शनिवार का दिन मिला जुला रहा. जहां देश में कोरोना के आंकड़े 30 लाख को पार गए तो वहीं एक दिन में 10 लाख सैंपल का लक्ष्य भी छू लिया. जी हां, प्रतिदिन कोविड-19 जांच बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता को कायम रखते हुए भारत ने एक दिन में 10 लाख से अधिक नमूनों की जांच के महत्वपूर्ण स्तर को पार कर लिया है और अब तक देश में कुल 3.4 करोड़ से अधिक नमूनों की जांच की जा चुकी है.

हालांकि शनिवार शाम को देश में कोरोना वायरस संक्रमण के मामलों की कुल संख्या 30 लाख को पार गई. Covid19india.org के अनुसार, भारत में कोरोना के मामलों की संख्या बढ़कर 30,26,806 हो गई और मरने वालों की संख्या 56,648 हो गई. 

इससे पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार जांच क्षमता में व्यापक बढ़ोतरी हुई है. मंत्रालय ने कहा, ‘‘अधिक संख्या में जांच से जहां संक्रमण के मामलों की दर भी शुरू में बढ़ेगी, लेकिन तत्काल पृथक-वास, प्रभावी तरीके से रोगियों पर नजर रखने और समय पर प्रभावी एवं चिकित्सकीय प्रबंधन जैसे अन्य उपायों से अंतत: यह कम होगी.’’ 

केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने कहा, ‘‘प्रतिदिन कोविड-19 जांच में तेजी से वृद्धि की अपनी प्रतिबद्धता को ध्यान में रखते हुए, भारत ने एक दिन में 10 लाख से अधिक नमूनों की जांच कर एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर पार कर लिया है.’’ उन्होंने बताया कि शुक्रवार को कुल 10,23,836 नमूनों की जांच की गई और भारत ने प्रतिदिन 10 लाख नमूनों की जांच करने के अपने लक्ष्य को हासिल कर लिया है. 

भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के मीडिया समन्वयक लोकेश शर्मा ने बताया कि शुक्रवार को 10,23,836 नमूनों की जांच के साथ ही 21 अगस्त तक 3,44,91,073 नमूनों की जांच की जा चुकी है. सूत्रों बताया कि शुक्रवार को कुल 10,23,836 नमूनों की जांच की गई जिनमें से करीब 3.8 लाख नमूनों की जांच रैपिड एंटीजन तरीके से की गई. आईसीएमआर के अनुसार देश में पिछले पांच दिनों में प्रतिदिन औसतन 8,89,935 नमूनों की जांच की गई.

सूत्रों के मुताबिक अभी तक देश में कुल 3,44,91,073 नमूनों की जांच की जा चुकी है जिनमें से करीब 28 प्रतिशत मामलों में जांच रैपिड एंटीजन पद्धति से की गई. विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के अनुसार भारत प्रति एक लाख की आबादी पर लगभग 74.7 लोगों की जांच कर रहा है जो प्रति एक लाख की आबादी पर 14 लोगों की जांच करने के इस शीर्ष स्वास्थ्य एजेंसी के दिशा-निर्देशों से भी कहीं अधिक है.

वहीं इससे पहले केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शनिवार को बताया कि कोविड-19 से एक दिन में रिकॉर्ड 63,631 मरीजों के ठीक होने के बाद संक्रमितों के स्वस्थ होने की दर 74.69 प्रतिशत हो गई है जबकि मृत्यु दर घटकर 1.87 प्रतिशत रह गई है. देश में जहां कोविड-19 के मामलों की कुल संख्या 30 लाख पार करने के करीब पहुंच गई है तो वहीं स्वस्थ हुए लोगों की संख्या 22,22,577 हो गई है.

मंत्रालय ने बताया कि देश में संक्रमण के कुल मामलों में से 23.43 प्रतिशत उपचाराधीन मामले हैं. उसने कहा, ‘‘कोविड-19 के स्वस्थ हुए मरीजों की संख्या बढ़ने और अस्पतालों से उन्हें छुट्टी दिये जाने के साथ ही स्वस्थ होने की दर 74.69 प्रतिशत पहुंच गई है. इससे मृत्यु दर भी घटी है और 1.87 प्रतिशत हो गई है.’’