खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्यवाही,चार प्रतिष्ठानों से जुर्माना व दो प्रतिष्ठानों पर एफआईआर

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जबलपुर@ खाद्य सुरक्षा विभाग के अमले ने आज मंगलवार को छापामार कार्यवाही कर चने में अखाद्य रंग की मिलावट करते पाये जाने पर बिलहरी स्थित संजय इंडस्ट्री की चना प्रोसेसिंग यूनिट को सील कर दिया है। खाद्य सुरक्षा प्रभारी एवं एसडीएम पाटन आशीष पांडे के नेतृत्व में की गई इस कार्यवाही में चिक्की, लईया एवं अखाद्य रंग आदि के सात नमूने परीक्षण हेतु लिये गये हैं। इसके साथ ही अस्वच्छ कर स्थिति में इनका निर्माण करने पर संजय इंडस्ट्री का लायसेंस भी निलंबित कर दिया गया है तथा गोराबाजार थाने में इसके विरूद्ध एफआईआर भी दर्ज कराई गई है।

एसडीएम पाटन आशीष पांडे के मुताबिक खाद्य सुरक्षा विभाग के अमले ने समीप ही स्थित राजू दासानी के नमकीन बनाने के कारखाने की भी आज आकस्मिक जांच की। इस दौरान इस प्रतिष्ठान द्वारा नमकीन बनाने में खराब एवं जला हुआ तेल का उपयोग करना पाया गया। उन्होंने बताया कि मौके पर 10 टीन तेल का विनिष्टीकरण कराया गया एवं 50 किलो घटिया बेसन तथा एक्सपायरी डेट अंकित न होने पर 50 किलो आलू चिप्स को नष्ट कराया गया। आशीष पांडे ने बताया कि बिना लायसेंस के नमकीन और अन्य खाद्य पदार्थ बनाये जाने के कारण कारखाने को सील कर दिया गया है।

खाद्य सुरक्षा विभाग के प्रभारी आशीष पांडे ने बताया कि इन दो बड़ी कार्यवाहियों के अलावा आज बिलहरी एवं तिलहरी क्षेत्र में चलित खाद्य प्रयोगशाला द्वारा विभिन्न प्रतिष्ठानों से 20 खाद्य पदार्थों के सेम्पल भी लिये गये। इसमें से दो में अखाद्य रंग का इस्तेमाल करते पाये जाने पर संबंधित दुकान संचालकों को नोटिस जारी किये गये हैं। उन्होंने बताया कि आज की कार्यवाही में खाद्य सुरक्षा अधिकारी अम्बरीश दुबे भी मौजूद थे।

14 प्रतिष्ठानों से लिये गये सेम्पल- खाद्य सुरक्षा विभाग के प्रभारी अधिकारी एसडीएम पाटन आशीष पांडे के मुताबिक मिलावट से मुक्त अभियान के तहत जबलपुर जिले में पिछले एक सप्ताह के दौरान 14 प्रतिष्ठानों से खाद्य पदार्थों के नमूने परीक्षण हेतु लिये गये हैं। इनमें से डेली नीड्स सुहागी पर 3 लाख रुपए का अर्थदंड किया गया है। इस दौरान चार प्रतिष्ठानों से एक लाख 75 हजार रुपए का स्पॉट फाइन भी वसूला गया है, तथा दो प्रतिष्ठानों पर एफआईआर दर्ज कराई गई है।