सरकार देश की रक्षा क्षमताओं को बढ़ाने और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में तेजी से काम कर रही है: प्रधानमंत्री

आज भारत बहुत तेजी के साथ अपने डिफेंस सेक्‍टर को आत्‍मनिर्भर बनाने की तरफ बहुत तेजी से कदम उठा रहा है, आगे बढ़ रहा है। हाल ही में हमारी सेनाओं ने निर्णय लिया कि वो सौ से ज्यादा अलग-अलग प्रकार की जो आवश्‍यकताएं हैं खासकर हथियार और साजो-सामान, उसको अब विदेशों से नहीं लेंगे। भारत में उत्‍पाद की हुई चीजें ही लेंगे।

प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार ने स्वदेशी हथियारों के कारखानों पर ध्यान केंद्रित करने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि इस फैसले ने 130 करोड़ भारतवासियों को वोकल फॉर लोकल के सिद्धांत पर अमल करने के लिए प्रेरित किया है। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारतीय जवानों का शौर्य हर परिस्थिति में विजयी रहा है।

चाहे वो हिमालय की चोटियां हों, मरुस्थल का विस्तार हो या घने जंगल, अथवा समुद्र की गहराइयां। उन्होंने कहा कि लोंगेवाला में भारत ने असीम शौर्य का परिचय दिया और जब भी भारतीय सैनिकों की गाथा लिखी और पढ़ी जाएगी, इस युद्ध को जरूर याद किया जाएगा।

इस पोस्‍ट पर आपके साथियों ने शौर्य की एक ऐसी गाथा लिख दी है, जो आज भी हर भारतीय के दिल को जोश से भर देती है। जब भी सैन्‍य कुशलता के इतिहास के बारे में लिखा-पढ़ा जाएगा। जब सैन्‍य पराक्रम की चर्चा होगी तो बैटल ऑफ लोंगेवाला को जरूर याद किया जाएगा।

प्रधानमंत्री ने कहा कि केवल वही राष्ट्र सुरक्षित रहता है, जो आक्रमणकारियों और घुसपैठियों से निपटने में सक्षम होता है। उन्होंने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय सहयोग के बढ़ने और परिस्थितियों के बदलने के बावजूद यह नहीं भूलना चाहिए कि सतर्कता ही सुरक्षा की कुंजी है, तत्परता ही प्रसन्नता का आधार है और शक्ति ही विजय का विश्वास है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि भारत ने दुनिया को दिखा दिया है कि सही उत्तर देने के लिए हमारे पास शक्ति और राजनीतिक इच्छाशक्ति है। प्रधानमंत्री ने कहा कि दुनिया आज समझ चुकी है कि भारत किसी भी कीमत पर अपने हितों के साथ समझौता नहीं करेगा।

जब भी जरूरत पड़ी है, भारत ने दुनिया को दिखाया है कि उसके पास ताकत भी है और सही जवाब देने की राजनीतिक इच्‍छा शक्ति भी है। आज भारत आतंकियों को, आतंक के आकाओं को घर में घुस करके मारता है। आज दुनिया ये जान रही है कि ये देश अपने हि‍तों से किसी भी कीमत पर रत्‍तीभर भी समझौता करने वाला नहीं है। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत के स्टार्टअप सुरक्षा बलों की जरूरत के लिए आगे आए हैं।

पेरामेडिकल फोर्सिस से एक के बाद एक इस प्रकार निर्णयों के अनुकूल भारत में भी मेरे देश के युवा ऐसी-ऐसी चीजों का निर्माण करेंगे, ऐसी-ऐसी चीजें बनाकर कर के लाएंगे हमारे सेना के जवानों की, हमारे सुरक्षाबल के जवानों की ताकत भी बढ़ेगी, हाल के दिनों में अनेक स्टार्ट-अप्स सेनाओं की जरूरतों को पूरा करने के लिए आगे आए हैं। डिफेंस सेक्टर में नौजवानों के नए स्टार्ट-अप्स देश को आत्मनिर्भरता के मामले में और तेजी से आगे ले जाएंगे।