आजाद भारत का पहला बजट तत्कालीन वित्तमंत्री आर के षणमुखम चेट्टी ने 26 नवंबर, 1947 में पेश किया था

नई दिल्ली, आजाद भारत का पहला बजट तत्कालीन वित्तमंत्री आर के षणमुखम चेट्टी ने 26 नवंबर, 1947 में पेश किया था जबकि भारत के आजाद होने के ठीक पहले का बजट उस समय की अंतरिम सरकार के वित्तमंत्री रहे लियाकत अली खां ने पेश किया था. यह बजट 9 अक्‍टूबर, 1946 से लेकर 14 अगस्त 1947 तक की अवधि के लिए था

भारत के पहले बजट को पेश करने का काम जेम्स विल्सन ने किया था. इन्होंने 18 फरवरी 1860 को वाइसराय की परिषद में पहली बार बजट पेश किया. विल्सन को पहली बार वित्त विशेषज्ञ के रूप में वाइसराय की परिषद का वित्त सदस्य नियुक्त किया गया था. यही वजह है कि जेम्स विल्सन को भारतीय बजट का संस्थापक भी कहा जाता है. 1860 के बाद से ही प्रतिवर्ष देश की वित्तीय स्थिति का विवरण प्रस्तुत करने वाला बजट वाइसराय की परिषद में पेश किया जाने लगा.

भारतीय संविधान के अनुच्छेद 112 में भारत के केंद्रीय बजट को वार्षिक वित्तीय विवरण के रूप में निर्दिष्ट किया गया है. जो कि भारतीय गणराज्य का वार्षिक बजट होता है. जिसे प्रत्येक वर्ष फरवरी के अंतिम कार्य-दिवस को भारत के वित्त मंत्री संसद में पेश करते रहे हैं. यह बात दीगर है कि 2017 से इसे फरवरी के पहले दिन पेश किया जा रहा है. भारतीय वित्‍त वर्ष की शुरुआत 1 अप्रैल से होती है. संविधान के अनुसार बजट को लागू करने से पूर्व संसद द्वारा पास करना आवश्यक होता है.