इंदौर: सरकार के खिलाफ एक जुट हुए वामपंथी सौपा राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन

इंदौर। माक्र्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी, सोशलिस्ट पार्टी इंडिया तथा भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के नेताओं ने संभागायुक्त को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। जिसमें कहा गया कि भाजपा की नरेन्द्र मोदी सरकार संघ के साम्प्रदायिक एजेण्डे को लागू करने की कोशिश कर रही है। करोना काल में जब मोदी सरकार बुरी तरह से असफल हुई है इस संकट के समय में भी संविधानिक संस्थाओं, अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता और जनतान्त्रिक अधिकारों पर हमले किये जा रहे हैं।

दिल्ली में सी.ए.ए के विरोध में चल रहे आंदोलन को कुचलने के लिए भाजपा द्वारा कराये गये सुनियोजित दंगों और उसके बाद इस आंदोलन के कार्यकर्ताओं की गिरफ्तारी के बाद नरेन्द्र मोदी सरकार ने माकपा महासचिव सीताराम येचुरी, योगेन्द्र यादव, जयन्ती घोष और राहुल राय सहित कई राजनैतिक सामाजिक कार्यकर्ताओं, नेताओं को भी दंगों के साजिशकर्ताओं के रूप में दर्ज कर लिया है।

युएपीए के प्रावधानों के तहत जे एन यू, जामिया के छात्रों को गिरफ्तार किया गया है। पार्टी के नेताओं सर्वश्री कैलाश लिंबोदिया, रामस्वरूप मंत्री एवं रूद्र पाल यादव के नेतृत्व में मोदी सरकार की इन हरकतों के खिलाफ संभागआयुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन कर विरोध स्वरूप राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन दिया।

आपने कहा की घृणास्पद भाषण और हिंसा भडकाने वाले भाजपा नेताओं को केन्द्र सरकार द्वारा संरक्षित किया जाता है। जबकि सीएए के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारी युवाओं को देश का गृह मंत्रालय और दिल्ली पुलिस निशाना बनाकर गिरफ्तार कर रही है।

इस मौके पर रामस्वरूप मंत्री, एस के दुबे, रूद्र पाल यादव, वैâलाश लिंबोदिया, माता प्रसाद मौर्य, भरत सिंह यादव, भागीरथ कछवाय, जयप्रकाश गुगरी, अजय यादव, भागीरथ टेटवाल, छेदी लाल यादव, रामकिशन मौर्य, अरुण चौहान सहित सीपीआई, सीपीएम, सोशलिस्ट पार्टी इंडिया तथा लोकतांत्रिक जनता दल के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में शरीक थे।