नरोत्तम ने कमलनाथ पर साधा निशाना, एक और विधायक गया तो बन जाएंगे तीस मारखां

भोपाल। मध्य प्रदेश में विधानसभा उप चुनाव को लेकर सियासी घमासान तेज हो गया है। कांग्रेस विधायक राहुल लोधी के इस्तीफे और भाजपा में शामिल होने के बाद कांग्रेस की मुश्किल बढ़ गई है। राहुल लोधी के कांग्रेस छोडऩे पर प्रदेश के गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा ने कमलनाथ पर तंज कसा है। उन्होंने राहुल लोधी के इस्तीफे के बाद कहा कि 29 सीटों पर उप चुनाव होने हैं, एक और गया तो कमलनाथ तीस मारखां हो जाएंगे।

गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा ने सोमवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि राहुल लोधी के इस्तीफे के बाद से यह बात साफ है कि इन उप चुनाव में कांग्रेस विपक्ष का नेता चुनने का चुनाव लड़ रही है। अब सरकार में आने की बात तो समाप्त हो गई है। उन्होंने कहा कि जो कमलनाथ कहते थे कि तीन तारीख के बाद चार आएगी, अब वो चार तारीख को भी विपक्ष में रहने वाले हैं, यह तय हो गया। पूरे कांग्रेस में भगदड़ की स्थिति है। चार तारीख को चार्टर बुक है कमलनाथ का और वो चले जाएंगे।

मंत्री मिश्रा ने कहा कि राहुल लोधी के इस्तीफे के बाद कमलनाथ की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़े हुए है। जो कमलनाथ विधायकों से कहते थे चलो-चलो, अब विधायक ही चल दिए। राहुल लोधी का जाना कमलनाथ का अक्षम्य नेतृत्व दर्शाता है। प्रदेश के अंदर अब कांग्रेस एक डूबता जहाज है, मैं पहले से कहता था। अब इस कांग्रेस में कोई रहने वाला नहीं है। मंत्री मिश्रा ने निशाना साधते हुए कहा कि राहुल लोधी ने तो अपनी स्तिथि बता दी और दिल्ली के राहुल गांधी ने भी उनकी स्तिथि रखी है। परिणाम के बाद राहुल का जो बयान था वो कमलनाथ को भारी पडऩे वाला है।

कांग्रेस के आरोपों का दिया जवाब:
गृह मंत्री डॉ नरोत्तम मिश्रा ने राहुल लोधी के इस्तीफे के बाद कांग्रेस द्वारा लगाए जा रहे आरोपों पर कहा कि जो जाता है तो उसे बिकाऊ कहते हैं। स्थिति तो स्पष्ट कर दो कमलनाथ जी, ऐसे और कितने हैं आपके पास। जो जाएगा उसे बिकाऊ कहेंगे, जो आपके पास रहेगा उसे टिकाऊ कहते हैं। ऐसे लोगों को बार-बार नोटों और वोटों की बात कहकर आप कर्मण्य और अक्षम्य साबित हुए, इसको क्यों छिपाना चाहते हैं। जोर-जोर से दूसरे की तरफ उंगली उठाने से एक ऊंगली दूसरे की तरफ उठती है, तीन आपकी तरफ उठती हैं। 29 सीटों पर उप चुनाव हो रहे हैं, एक और गया तो कमलनाथ 30 मारखां हो जाएंगे।

दिग्विजय पर कसा तंज :
दिग्विजय सिंह के बयान पर मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने कहा कि यह उनका बयान अगर है, इसका मतलब है कांग्रेस ने हार स्वीकार कर ली है। जब वो ये कहने लगे कि प्रशानिक तंत्र से बीजेपी सरकार बना रही है, यदि वह कहे कि बैलेट पेपर से मतदान हो तो समझ लो कि कांग्रेस ने हार मान ली है। जब वह सब पर अविश्वास व्यक्त करने लगे तो मान लो कि वह हार रहे हैं और हार का जवाब देने के लिए पिच तैयार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि दिग्विजय को चुनाव प्रचार में भेजना चाहिए, वो अभी खाली बैठे हैं। अगर यह लोग चुनाव प्रचार में नहीं जाएंगे, तो भ्रम पैदा करेंगे

जीतू पटवारी पर साधा निशाना :
मंत्री मिश्रा ने कहा कि ये सब बातें इस ओर इशारा करती हैं कि किस तरह से मुद्दों से ध्यान हटाया जाए। पंद्रह साल के हमारे मुख्यमंत्री को पैरों की धूल कहा और कहंा 15 महीने के मुख्यमंत्री कमलनाथ। सीएम शिवराज को भूखा कहा, उन्हें नायलयक कहना, किसी महिला को आयटम कहना, किसी को माल कहना यह जान-बूझकर रोज एक शगूफा इसलिए छोड़ते हैं ताकि मुद्दे से ध्यान हट सके।

उन्होंने कहा कि कमलनाथ कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को भ्रम में रखते हैं कि हम वापस आने वाले हैं। इसलिए ऐसे बयान देते हैं कि 15 अगस्त का झंडा हम फहराएंगे, अगली विधायक दल की बैठक सीएम हाउस में होगी या विस अध्यक्ष हमें चुनना है। कब तक भ्रम रखेंगे, चलाचली की बेला है। कभी निर्दलीय विधयक समर्थन देता है, कभी कांग्रेस विधायक टूट जाते हैं, विपक्ष में रहना कांग्रेस का तय है।