मैहर में अब नारियल पूरी तरह प्रतिबन्ध

by:Nitin Namdeo

सतना@ मैहर एसडीएम का एक फरमान चर्चा का विषय बना हुआ है| मैहर माता मंदिर में बढ़ते प्रदुषण को देखते हुए एसडीएम तन्वी हुड्डा ने नारियल और चायनीज लाई पर पूर्ण रूप से प्रतिबन्ध लगा दिया है जिससे पूजन सामग्री के विक्रेताओं के लिए मुश्किल खड़ी हो गई है|

 मैहर एसडीएम तन्वी हुड्डा ने फरमान जारी कर कहा कि अब से बाजार में जूटयुक्त नारियल नहीं बिकेंगे। वहीं लाई जो हैं वो चायनीज हैं। इसलिए बाजार में अब से नहीं लाई का भी विक्रय नहीं हो पायेगा|जूटयुक्त नारियल पर प्रतिबन्ध के पीछे बढ़ता प्रदुषण बड़ा कारण है| वहीं गर्मी के मौसम में नारियल आगजनी की घटना का भी कारण बनता है| प्रदूषण रोकने के नाम पर एसडीएम का यह फरमान जहाँ पूजन सामग्री विक्रेताओं के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है| वहीं बिना जूट के नारियल को चढ़ावे में शामिल नहीं किया जा सकता| आस्थावान लोगों ने इस फरमान का विरोध किया है| धर्म प्रक्रिया के अनुसार जूटयुक्त नारियल ही पूजन में चढ़ाया या फोड़ा जाता है| लेकिन एसडीएम के आदेश के अनुसार दुकानदार जूट को निकालकर नारियल बेचने पर विवश है|अब इस आदेश के आने के बाद मैहर में धर्मसंकट पैदा हो गया है|

गौरतलब हो की आज से सात साल पहले अचानक नारियल के जूट में आग लग गई थी, जिसकी वजह से पहाड़ी पर भगदड़ मच गई और चार श्रद्धालुओं की मौत हो गई थी। इसके साथ पिछले वर्ष भी नवरात्री में आग की घटना होते होते बची।  यह कदम नवरात्रि  को देखते हुए लिए गया हैं ताकी ऊपर चढ़ाई के दौरान पहाड़ी पर भगदड़ ना मचे। वहीं मां शारदा नारियल भंडार के नाम से थोक दुकानदार लगभग बीस सालों से चायनीज लाई बेच रहा है| जैसे ही इस खबर की सूचना खाद्य एवं औषधि विभाग को लगी उन्होंने चायनीज लाई के होलसेलर की दुकान और गोदाम में छापामार कार्रवाई करते हुये लाई की सेंपलिंग की है। इसके आदेश मैहर एसडीएम ने दिए हैं।