पीएम नरेंद्र मोदी ने प्रदान किए राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को 25 बच्चों को राष्ट्रीय वीरता पुरस्कार से सम्मानित किया। पुरस्कार पाने वालों में आठ वर्षीय अरुणाचल प्रदेश की बच्ची भी है जिसने नदी में से अपने दोस्त को बचाने के लिए अपनी जान गंवा दी थी।
इस वर्ष संजय चोपड़ा पुरस्कार से उत्तराखंड के सुमित मम्गेन को सम्मानित किया गया, जिसने तेंदुए से अपने भाई को बचाया।

वहीं लखनऊ की अंशिका ने भी बताया कि मुश्किल आन पड़े तो हिम्मत ही काम आती है। लखनऊ की अंशिका ने सेल्फ डिफेंस की मदद से अपने अपहरण की कोशिश को नाकाम कर दिया। अंशिका बताती हैं कि लड़कियों को बचपन से ही सेल्फ डिफेंस की सीखना चाहिए।

दूरदर्शन के ब्रेव किड सीरियल में रोल निभा चुके और इससे प्रेरित नमन असल ज़िंदगी में भी नहर से एक बच्चे की जान बचा कर बने ब्रेव किड बने हैं। दूसरी तरफ 13 साल के प्रफुल्ल ने ढलान पर स्कूली छात्रों से भारी बस को खाई में जाने से रोक कर अपनी वीरता का परिचय दिया।

महाराष्ट्र की निशा पाटिल ने अपनी जान की परवाह न कर 6 महीने की बच्ची को आग से बचाया तो नगालैंड के गसपानी के तनमँह गँचीं ने भी एक डूबते बच्चे की जान बचाई।

मरणोपरांत 4 बच्चों को ये पुरस्कार दिया गया है जिनमें अरुणाचल प्रदेश की 8 साल की नन्ही तार पीजू भी शामिल हैं।

प्रधानमंत्री से राष्ट्रीय बाल वीरता पुरस्कार पाने के बाद यह बहादुर बच्चे डीडी न्यूज़ पहुंचे। जहां उन्होंने एडिटिंग से लेकर ग्राफिक्स, इंजस्ट और पीसीआर सहित समाचार निर्माण को पूरे प्रक्रिया को अच्छी तरह समझ।

इन बहादुर बच्चों ने डीडी न्यूज़ की महानिदेशक वीना जैन से भी अपने अनुभव साझा किए। डीडी न्यूज़ महानिदेशक ने इन बबादुर बच्चों को सदैव इसी तरह आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। अदम्य साहस, शौर्य और वीरता का तमगा लिए ये बच्चे इस साल की गणतंत्र दिवस परेड में राजपथ की शोभा बढायेंगे।