अर्द्धकुम्भ आयोजन में स्थायी निर्माण की तैयारी अंतिम चरण में

इलाहाबाद@ अर्द्धकुम्भ से संबन्धित जिन स्थायी निर्माण कार्याें की रूपरेखा अबसे चार माह पूर्व से ही बनने लगी थी। उस पर निर्माण का प्रारम्भ इसी माह के अन्त से होने जा रहा हैै। मण्डलायुक्त डॉ0 आशीष कुमार गोयल के लगातार मंथन और कार्ययोजना के अनुरूप इलाहाबाद प्रशासन कुम्भ मेले के लिये प्रस्तावित फ्लाइओवरों, नयी सड़कों, पुलों और पार्किंग स्थलोें के निर्माण पर आगामी 28 अगस्त से कार्य प्रारम्भ कर रहा है।

आजादी के बाद पहली बार उ0प्र0 के किसी एक शहर में पॉच फ्लाईओवरों का निर्माण कार्य प्रारम्भ हो जायेगा। जो लगभग अर्द्धकुम्भ आयोजन के प्रयोग किये जाने हेतु तैयार हो जायेगा। इसी प्रकार नगर के सभी प्रवेश मार्गाें का चौड़ीकरण करते हुये उन्हें नगर निगम की सड़कों से जोड़ कर मेला स्थल तक सुगम यातायात विकसित करने की कार्ययोजना पर अमल प्रारम्भ कर दिया गया है।

इसी प्रकार नगर में प्रवेश करने वाले तीर्थ यात्रियोें एवं पर्यटकों को मेला स्थल के निकटतम स्थानों पर अत्याधुनिक पार्किंग की व्यवस्था और सड़क पर स्थापित ट्रांसफार्मरों को यात्री सुरक्षा की दृष्टि से उन्हें बीच मार्ग से हटाने की कार्यवाही भी जमीनी स्तर पर प्रारम्भ होने की स्थिति में आ गयी है। इन तथ्यों की जानकारी अर्द्धकुम्भ मेले के आयोजन संबन्धित एक बैठक में मण्डलायुक्त को संबन्धित विभागों के अधिकारियों द्वारा आगामी एक सप्ताह में कार्य प्रारम्भ कर देने का आश्वासन देते हुये दी गयी।

मण्डलायुक्त आज अपने कार्यालय स्थित गांधी सभागार में अर्द्धकुम्भ के आयोजन संबन्धी विकास कार्याें की समीक्षा कर रहे थे। जिसमेें सर्व प्रथम उन्होंने सेतु निगम के द्वारा प्रस्तावित चार रेलवे ओवर ब्रिज के निर्माण प्रारम्भ करने की कड़ी समीक्षा के दौरान अब तक प्राप्त बजट से बेगम बाजार, पानी की टंकी, एमएनआर आदि क्षेत्रों में आरओबी का कार्य हर हाल में किसी माह की 28 तारीख से प्रारम्भ कर दिये जाने का निर्देश दिया तथा सेतु निगम के अधिकारियों से कार्ययोजना पर चर्चा करते हुये निर्दिष्ट समय पर कार्य प्रारम्भ कर देने का आश्वासन दिया गया।

मण्डलायुक्त ने फूलपुर में प्रस्तावित फ्लाइओवर को भी सेतु निगम द्वारा बना लिये जाने पर जोर देते हुये कहा कि यह फ्लाइ ओवर पुर्वांचल से आने वाली सर्वाधिक जनसंख्या की सहूलियत से संबन्धित है। अतः इसे सेतु निगम ही अपने संसाधनों से निर्मित करे। इस संबन्ध में अतिक्रमण हटाने और यातायात डायवर्जन में आने वाली अड़चनों को तत्काल दूर कराने की व्यवस्था करने का निर्देश उन्होंने डीएम एवं जिला प्रशासन को दिया।

इसी तरह दारागंज के रेलवे अंडर पास को शीघ्र पूरा किये जाने की कार्ययोजना संबन्धित मैप देख कर उन्होंने बिजली विभाग, सेतु निगम, पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों को एसडीएम सदर के साथ जा कर आज ही मौके का निरीक्षण करके अपनी रिपोर्ट देने को कहा। मण्डलायुक्त ने नगर को विभिन्न दिशाओं से जोड़ने वाली सभी सड़कों के पुनर्निमाण और चौड़ीकरण की पीडब्ल्यूडी की कार्ययोजना को नक्शे पर देखते हुये यह निर्देश दिया कि नगर के हर क्षेत्र से प्रवेश मार्गाें को नगर निगम की सड़कों से इस तरह कनेक्ट किया जाय, ताकि बाहर से आने वाले यात्रियों को मेले स्थल तक पहुंचने में कम से कम दूरी पैदल चलनी पड़े।

उन्होंने एक क्षत्र से मेला स्थल तक आगमन और विकास के लिये अलग-अलग सड़कें निर्धारित करने की कार्ययोजना पर भी एडीए, नगर निगम, पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों से विचार विमर्श किया। उन्होंने बनारस, नैनी, फाफामऊ और कानुपर से आने वाली राजमार्गाें को नगर से जोड़ने तथा मेला स्थल तक पहुंचने वाले मार्गाें की गहरायी से समीक्षा करते हुये आवागमन की सुगम कार्ययोजना एक सप्ताह में बना कर उससे संबन्धित सड़केां की मरम्मत अथवा नयी सडकों के निर्माण पर कार्य प्रारम्भ करने के लिये अधिकारियेां को एक सप्ताह का समय दिया।

मण्डलायुक्त ने नगर में यात्रियों की सुरक्षा के दृष्टिकोण से बिजली विभाग द्वारा सड़कों के मध्य या किनारे स्थापित ट्रांसफार्मरों को सुरक्षित स्थान पर सिफ्ट किये जाने की कार्ययोजना को अन्तिम रूप देते हुये एक सप्ताह में जमीनी स्तर पर कार्य प्रारम्भ कर दिये जाने के निर्देश दिये। इसी प्रकार मेले स्थल पर पेय जल की आपूर्ति एवं जल प्रबन्धन के लिये जन निगम द्वारा स्थापित किये जाने वाले प्रस्तावित नलकूपों की प्रगति की जानकारी लेते हुये उन्हें भी शीघ्रता से कार्य प्रारम्भ करने के निर्देश दिये।

ज्ञातव्य है कि उ0प्र0 शासन अर्द्धकुम्भ मेले आयोजन के सफलतम प्रदर्शन के लिये बार-बार इलाहाबाद प्रशासन को प्रेरित कर रहा है तथा आगामी 28 अगस्त को मुख्य सचिव उ0प्र0 के द्वारा लखनऊ में अर्द्धकुम्भ आयोजन की तैयारियों से संबन्धित समीक्षा बैठक भी प्रस्तावित है।

मण्डलायुक्त इस बैठक के समय तक स्थायी निर्माण कार्याेें को अपने पूर्व कार्ययोजना के अनुसार इस माह के अन्त तक प्रारम्भ कर देना चाहते हैं। जिससे अर्द्धकुम्भ मेले के प्रारम्भ होंने के पूर्व ही समस्त स्थायी निर्माण कार्य पूर्ण किये जा सकें। उ0प्र0 के इतिहास में पहली बार इतने कम समय में पांच फ्लाई ओवरों और सैकड़ों किलोमीटर का निर्माण किया जाना प्रस्तावित है।

नगर के हर हिस्से में उपलब्ध होगी विशाल एवं आधुनिक पार्किंग

अर्द्धकुम्भ आयेाजन में नगर के हर प्रवेश मार्ग से आने वाले यात्रियों तथा पर्यटकों के वाहनों को मेले स्थल के अधिकतम समीप तक लाया जा सके तथा उन्हें कम से कम पैदल चलना पड़े। ताकि बाहर से आने वाले तीर्थ यात्री एवं पर्यटक अर्द्धकुम्भ मेले का एक सुखद आयेाजन के रूप में लम्बे समय तक याद कर सकें। मण्डलायुक्त ने एक बैठक में डीएम, उपाध्यक्ष एडीए तथा नगर आयुक्त को उत्तर दायित्व दिया है कि नगर के हर प्रवेश मार्ग को मेले स्थल के समीपतम स्थानों तक जोड़ें जहां आगंतुकों की वाहनों को पार्क किया जा सके।

मण्डलायुक्त ने इन पार्किंग स्थलों से मेला स्थल तक छोटे वाहनों तथा पैदल पथ को सुगम बनाने के साथ-साथ हर प्रवेश मार्ग पर अभी से पर्किंग स्थल चिन्हित कर कार्य प्रारम्भ कर देने के निर्देश दिये गये हैं। मण्डलायुक्त ने इन पार्किंग स्थलों पर इस आयोजन में आधुनिक सुविधाओं से युक्त पार्किंग विकसित करने के लिये निर्देश अधिकारियों को दिये। जिसमे पार्किंग की बाउंड्री, शौचालय, प्रवेश स्थल, भोजन, पेयजल, प्रकाश तथा प्रकाश व्यवस्था के साथ-साथ ड्राइवरों के लिये विश्राम स्थल विकसित करने के उपरान्त ही इन पार्किंग स्थलों का ठेका ठेकेदारों को देने का निर्देश अधिकारियों को दिया।

मण्डलायुक्त ने कहा कि नगर निगम, एडीए, जिला प्रशासन अपने क्षेत्रों में पड़ने वाले पार्किंग स्थल हेतु स्थान विभिन्न समीपवर्ती गांवों तथा बस्तियों में अभी से चिन्हित कर लें तथा उपरोक्त सभी सुविधओं को उन पर्किंग स्थलों में विकसित करने के उपरान्त ही उसका ठेका टेंडर के द्वारा दिया जाय, ताकि यात्रियों की सुविधा के मामलों में पार्किंग के ठेकेदारों द्वारा किसी लापरवाही की कोई गुंजाइश न रहे।

उन्होंने सभी पार्किंग स्थलों पर सीसीटीवी कैमरे की निगरानी तथा पार्किंग में प्रवेश पर हर वाहन के लिये हैण्ड हेल टिकट वेंडिंग मशीन ठेकेदारों द्वारा प्रयोग किया जाना अनिवार्य करने के निर्देश भी दिये। जिससे आने वाले आगंतुकों को आपनी प्रवास अवधि में अपने वाहनों की सुरक्षा के प्र्रति निश्चित हो कर सुविधापूर्णढंग से मेले का आनंद उठा सकें तथा उ00प्र0 में पर्यटन का एक सुखद अनुभव प्राप्त कर सकें। मण्डलायुक्त ने जिला प्रशासन को शीघ्र इस व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिये पहल करने के लिये निर्देश दिये हैं तथा यह भी कहा है कि बाहर से आने वाले लोगों की पार्किंग की बड़ी समस्या होती है अतः उनके भीतर सुरक्षा की भावना को विकसित करना हमारा प्रथम कर्तव्य है।