औषधीय फसलों के उत्पादक एवं क्रेता हुए रूबरू

सहारनपुर। उद्यान विभाग की राज्य आयुष मिशन योजना के तहत बृहस्पतिवार को औषधीय खेती करने वाले किसानों और खरीदारों की बैठक हुई। इस बायर सेलर मीट में कृषि वैैैज्ञानिकों ने जहां किसानों को औषधीय फसलों की उत्तम खेती के टिप्स दिए, वहीं इनके क्रेताओं ने भी क्वालिटी पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। औषधीय फसलों के उत्पादकों और खरीदारों की बैठक के बाद किसानों के साथ ही दवा कंपनियों को इसका लाभ मिलने की उम्मीद है। इस दौरान औषधीय फसलों के उत्पादकों और खरीदारों की वार्ता भी हुई।

बृहस्पतिवार को जीपीओ रोड पर स्थित एक सभागार में आयोजित कार्यक्रम (बायर सेलर मीट) का उद्घाटन मुख्य विकास अधिकारी प्रणय सिंह ने दीप जलाकर किया। बायर सेलर मीट में किसानों को उन्नत प्रजाति की औषधीय फसलों के उत्पादन और उसकी बिक्री जानकारी दी। नई दिल्ली में स्थित नेशनल मेडिसिनल प्लांट बोर्ड की विशेषज्ञ कविता त्यागी ने बोर्ड की ओर से संचालित औषधीय पौधों की योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने औषधीय फसलों की गुणवत्ता बनानेे पर बल दिया। लखनऊ स्थित सीमैप के प्रधान वैज्ञानिक डॉ. वीआर सिंह किसानों को औषधीय पौधों की खेती के महत्व की जानकारी दी।

कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी डॉ. आईके कुशवाहा ने औषधीय फसलों में लगने वाली बीमारी और उसके इलाज की जानकारी दी। जिला उद्यान अधिकारी अरुण कुमार ने उद्यान विभाग की औषधीय पौध मिशन योजना के तहत चल रहे कार्यक्रमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इस बायर सेलर मीट का उद्देश्य औषधीय फसलों की खेती करने वाले किसानों और उनके क्रेताओं को एक दूसरे से रूबरू करना है। जनपद में तुलसी, अश्वगंधा, एलोविरा, सर्पगंधा, कालमेघ, ब्राह्रमी, सतावर, रूसा, सहित अन्य औषधीय फसलों की खेती होती है।

इसमें इंडियन हर्ब्स के सुधाकर अग्रवाल, पुलास्तया इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के नीरज भंडारी, नेचुरल हर्बस एंड फोरमूलेशन प्राइवेट लिमिटेड डॉ. शशी रंजन, वीके हर्ब्स के सुरेंद्र अग्रवाल, इंडियन हर्ब्स के केशव माहेश्वरी, प्रेम महेंद्रा एंटरप्राइजेज के रविश सैनी, वरिष्ठ भाजपा नेता साहब सिंह पुंडीर, जिला पंचायत सदस्य विशाल चौधरी आदि मौजूद रहे।