लड़कियों को प्रेम जाल में फंसाकर धर्म परिवर्तन पर होगी कड़ी कार्रवाई, जानें क्या है योगी सरकार का एक्शन प्लान

लखनऊ । अब लड़कियों को प्रेम जाल में फंसाकर धर्म बदलने पर कड़ी कार्रवाई होगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गृह एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों को प्रदेश में लव जेहाद की घटनाएं रोकने को कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि पहचान छिपाकर बहलाने-फुसलाने या ब्लैकमेल करके धर्मांतरण कराने की कोशिशों पर सख्त कार्रवाई की जाए। महिलाओं का उत्पीड़न या उनके साथ हिंसा की घटनाओं को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

शुक्रवार को अफसरों के साथ बैठक में मुख्यमंत्री ने हाल के दिनों में सामने आई महिला उत्पीड़न की घटनाओं पर नाराजगी जताई। इस दौरान मेरठ, कानपुर और लखीमपुर खीरी में धोखे से लड़कियों को प्रेमजाल में फंसाने की घटनाओं की भी समीक्षा की गई। इसमें लखीमपुर खीरी व मेरठ में लड़कियों की हत्या भी कर दी गई थी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी घटनाएं रोकने के लिए व्यापक कार्ययोजना बनाई जाए। ऐसी सूचनाओं को गंभीरता से लेते हुए दोषियों के विरुद्ध सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। बैठक में अपर मुख्य सचिव गृह अवनीश कुमार अवस्थी व डीजीपी एचसी अवस्थी समेत अन्य वरिष्ठ अफसर मौजूद रहे।

कानपुर के बर्रा-6 की युवती ने सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल कर धर्म परिवर्तन कर अपनी मर्जी से निकाह करने की बात कही थी। इसके बाद विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं ने युवक पर जबरन धर्म परिवर्तन कराने का आरोप लगाते हुए किदवई नगर थाने के बाहर हंगामा किया। उन्होंने युवती को बरामद करने और आरोपित युवक को गिरफ्तार कर कार्रवाई की मांग की थी।

बर्रा-6 निवासी शालिनी यादव ने 29 जून को परीक्षा के बहाने घर से भागकर लाल कॉलोनी के मोहम्मद फैसल से गाजियाबाद में धर्म परिवर्तन कर निकाह किया था। शालिनी के परिजन मामले को लेकर फैसल और उसके परिजनों के खिलाफ किदवई नगर थाने में मुकदमा दर्ज करा चुके हैं। रविवार दोपहर विश्व हिंदू परिषद के संयोजक दिलीप सिंह के नेतृत्व में दर्जनों कार्यकर्ताओं ने किदवई नगर थाने के बाहर हंगामा और नारेबाजी की।

उन्होंने आरोप लगाते हुए कहा कि फैसल ने शालिनी का जबरन धर्म परिवर्तन कराकर उससे निकाह किया है। इसलिए पुलिस शालिनी को तत्काल फैसल के चंगुल से मुक्त कराए और उसे परिजनों को सौंप दे। इसके साथ ही जबरन धर्म परिवर्तन के आरोप में फैसल को गिरफ्तार कर उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जानी चाहिए।