आपका छोटा सा प्रयास दिलायेगा मच्छरों से मुक्ति

दमोह | मच्छर जनित रोगों की रोकथाम के लिये स्वास्थ्य अमले द्वारा मलेरिया संवेदनशील क्षेत्रों में लार्वा सर्वे एवं विनिष्टीकरण का कार्य सतत् रूप से जारी है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. आर.के. बजाज ने शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों के समस्त नागरिकों से मच्छरजनित रोगों से बचाव के लिये अपेक्षित सहयोग करने का आग्रह करते हुए इस संबंध में एडवाईजरी जारी की है।

उन्होंने कहा है कि अभी भी बहुतेरे लोगों ने कूलरों का पानी खाली नहीं किया होगा और न ही छतों पर बिखरे सामान की जांच की होगी, कूलरों का पानी खाली करें ओर छतों पर बिखरे सामान की जॉच कर मच्छरों को न पनपने दें। थोड़ी सी सावधानी बरतकर मच्छर जनित रोगों से आसानी से बचा जा सकता है। मच्छर रूके हुए पानी में अण्डे देते है। जिससे हजारों की संख्या में मच्छर पैदा होते है। टंकियों, बाल्टियों में एकत्रित साफ पानी की ऊपरी सतह पर मच्छर के लार्वा काले रंग के कीड़े के रूप में दिखाई देने पर पानी की छन्नी से छान कर बाहर फेके। पानी भण्डारण, बर्तनों को हमेशा ढॅककर रखे। घरों-मुहल्लों के आस-पास गड्ढों पर पानी का जमाव न होने दे।

बेतरतीब-इक्कठा हुये पानी मे मिट्टी का तेल या जला हुआ इंजन ऑयल डालें। इससे मच्छर के लार्वा का विनिष्टीकरण होता है। पानी भरे बर्तन, कूलर, फ्रिज के पीछे बॉसकेट, गमलों, किचिन गार्डन तथा हेण्डपंप के आस-पास, टायरों इत्यादि में एकत्रित पानी में मच्छरों को पनपने से रोकने के लिये पानी की निकासी 03 से 04 दिवसों में अवश्य करे। सोते समय मच्छर दानी इस्तेमाल में लाये। आपका सहयोग शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में मच्छर जनित रोगों से बचाने में अत्यधिक महत्वपूर्ण साबित होगा।