स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन में छात्र ढूंढेंगे समस्यायों के डिजीटल समाधान

दुनिया का सबसे बड़ा और अपने किस्म का अनोखा स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन शनिवार को देश के 26 स्थानों पर एक साथ शुरू होगा। लगातार 36 घंटे तक चलने वाले इस हैकाथॉन में विभिन्न इंजीनियरिंग कॉलेजों में पढ़ने वाले करीब दस हजार छात्र शामिल होंगे। ये छात्र 29 सरकारी विभागों और मंत्रालयों की 600 समस्याओं का कम्प्यूटर प्रोग्रामिंग के जरिए डिजिटल समाधान ढूंढने की कोशिश करेंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी इन छात्रों को संबोधित कर उन्हें प्रोत्साहित करेंगे।

मानव संसाधन विकास मंत्रालय विकसित देशों की तर्ज पर भारत में पहली बार स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन का आयोजन कर रहा है। हैकाथॉन के लिए देश के 2183 कॉलेजों के करीब 42 हजार छात्रों ने अपने आइडिया भेजे थे, जिनमें से 10 हजार छात्रों को स्मार्ट इंडिया हैकाथॉन के ग्रैंड फिनाले के लिए चुना गया है।

ये छात्र जिन प्रमुख समस्याओं पर काम करेंगे, उनमें ऑनलाइन टोल संग्रहण, स्मार्ट यातायात प्रबंधन, साइबर हमलों को रोकना, हवाई अड्डों की जियोफेंसिंग, हवाई क्षेत्र को सुरक्षित बनाने के लिए स्मार्ट ड्रोन तैयार करने और शिक्षकों की उपस्थिति की रियल टाइम निगरानी के अलावा परमाणु ऊर्जा से जुड़े मुद्दे भी शामिल हैं। विभिन्न मंत्रालय छात्रों के इन नवाचारों को अपनाएंगे और इन्हें स्टार्ट-अप में तब्दील करने के लिए आर्थिक मदद भी देंगे।