विज्ञान किस एक सिद्धांत पर खड़ा है?

विज्ञान में कोई भी सिद्धांत अंतिम नहीं माना जाता है । हां विज्ञान में कई सिद्धांत है, अलग- अलग विषय के अलग सिद्धांत । लेकिन एक सिद्धांत है जो विज्ञान की नींव बनता है , जिस पर विज्ञान खड़ा है , जो हर वैज्ञानिक सिद्धांत का आधार है । और वह है :-

“ तथ्यों को प्रमुखता देकर किसी भी सिद्धांत को अंतिम ना मानने का सिद्धांत यानि संदेह का सिद्धांत ( skepticism)”

क्योंकि तथ्य और साक्ष्य ही विज्ञान की जड़ है । यही सिद्धांत विज्ञान को विज्ञान बनाता है , बताता है कि कोई भी सिद्धांत विज्ञान में अंतिम नहीं , समझाता है कि यदि विज्ञान एक सिद्धांत को सर्वोपरि मान उस पर अडिग हो जाएगा और किसी नए तथ्य को स्वीकारना बन्द कर देगा तो उसका अंत निश्चित है ।

विज्ञान में बस एक ही सिद्धांत निश्चित है ‘अनिश्चितता’ !!

विज्ञान = कार्य कारण के एकमात्र सिद्धांत पर खड़ा होता है। कार्य कारण का मतलब , दुनिया में कुछ भी बिना वजह नहीं होता। सभी छोटी बड़ी घटनाओं का कोई न कोई कारण होता ही है। बस हर बार वो कारण हमें आसानी से नहीं मिलता। जिससे अन्धविश्वास का जन्म होता है।

प्रत्येक कार्य के पीछे के कारण को जिस जिज्ञासा के कारण ढूंढा जाता है। इसे ही विज्ञान का सिद्धांत कहते है, और जिज्ञासा, विज्ञान की जननी है।

विज्ञान का सबसे महत्वपूर्ण सिद्धांत है प्रयोग या परीक्षण द्वारा सत्य या गलत साबित करने का लक्षण. अंग्रेजी में fallibility. अगर ये पता है कि किसी भी वक्तव्य के पीछे किन चीज़ों के होने या न होने से वो वक्तव्य सच्चा या झूठा हो जायेगा तो वो वक्तव्य वैज्ञानिक कहलायेगा.