दुर्गा पूजा देखने गई बच्ची को दरिंदों ने अगवा कर किया सामूहिक दुष्कर्म, चार आरोपित गिरफ्तार

इस ख़बर को शेयर करें:

रायपुर/मनेन्द्रगढ़। कोरिया जिले में एक नाबालिग बालिका का अपहरण कर सामूहिक बलात्कार करने के चार आरोपितों को पुलिस ने गिरफ्तार कर पूरे मामले का पर्दाफाश कर दिया है। सोमवार को पुलिस अधीक्षक चंद्र मोहन सिंह ने बताया कि आरोपितों ने शराब पी रखी थी। इन लोगों ने दुर्गा पूजा देखने आई एक किशोरी को अगवा कर लिया। उसके बाद उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। मामले की गहन जांच-पड़ताल की जा रही है।

पुलिस के अनुसार आरोपितों की पहचान धीरज, लक्ष्मण, रंजीत और बिहारी के रूप में हुई है। घटना 24 अक्टूबर की रात करीब 11 बजे की है। एक किशोरी परिवारवालों के साथ शनिवार की शाम आठ बजे दुर्गा पूजा देखने शिवधारा बिहारपुर मंदिर गई थी। वहां किशोरी ममेरे भाई के साथ बातचीत कर रही थी, तभी चारों आरोपित पहुंच गए और उसके ममेरे भाई को शराब के नशे में मार-पीटकर भगा दिया। इसके बाद किशोरी को जंगल में उठा ले गए। वहां उसके साथ चारों ने बारी-बारी से बलात्कार किया।

रविवार की सुबह करीब पांच बजे पीडि़त नाबालिग लडक़ी जैसे-तैसे घर पहुंची। दिन भर उसकी हालत खराब रही। कुछ बोल-बता नहीं पा रही थी। शाम को उसने परिजनों से पूरी बात बताई तो परिजन किशोरी को लेकर रविवार की रात ही करीब 9 बजे मनेन्द्रगढ़ थाना पहुंचे। पुलिस ने दफा 376 (घ) (क) (2) (ढ) एवं पाक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आरोपितों की तलाश शुरू कर दी।

साथ ही इस अपहरण और सामूहिक दुष्कर्म के मामले की सूचना पुलिस अधीक्षक कोरिया चंद्रमोहन सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ पंकज शुक्ला एवं एसडीओपी मनेन्द्रगढ़ को दी। लडक़ी की उम्र साढ़े 13 साल है। डॉक्टरी परीक्षण में उसके साथ सामूहिक बलात्कार होने की पुष्टि हो गई है। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

पुलिस अधीक्षक चन्द्रमोहन सिंह ने घटना की जानकारी मिलते ही मामले को गंभीरता लिया। उनके दिशा-निर्देश पर एसडीओपी कर्ण के नेतृत्व में पुलिस की अलग-अलग तीन टीमें बनाई गईं। सोमवार की भोर में मुखबिरों की सूचना पर बिजूरी मध्य प्रदेश थाना केल्हारी क्षेत्र छत्तीसगढ़ एवं बिहारपुर में छापा मारकर चारों आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस पूछताछ में आरोपितों ने शराब के नशे में बलात्कार की घटना को अंजाम देना स्वीकार किया है। आज ही इन चारों को अदालत में पेश किया गया, जहां से धीरज, लक्ष्मण, रंजीत और बिहारी को जेल भेज दिया गया है।